आजादी के 75 साल बीत जाने के बाद भी उलवार गांव के लिए पक्की सड़क नही
रंजीत कुमार
कुंदा (चतरा)। चतरा जिला के अति सुदूर वर्ती क्षेत्र कुंदा प्रखंड क्षेत्र के नवादा पंचायत के उलवार गांव जनप्रतिनिधियों के उदाशीनता का दंश झेल रहा है। यहां आने जाने के लिए कोई व्यवस्था नहीं है, कच्ची सड़क से आज भी लोग आना जाना करते है। आने जाने के लिए बने सड़क में भी सैकड़ों गड्ढे बने हुवे है। जिससे उलवार गांव में चार पहिया वाहन भी नही पहुंच पाता है। पैदल चलना भी लोगो के लिए दुभर है। बुधवार को उलवार के ग्रामीणों ने अपने निजी खर्च वा श्रमदान कर कच्चा मार्ग कमर मती करके चलने योग्य बनाया ताकि लोग पैदल या दो चक्का वहां से आना-जाना कर सके।
ग्रामीणों ने बताया कि गांव में जाने के लिए ग्रामीणों को पैदल चलना भी मुश्किल होता है। इन दिनों काफी गर्मी पड़ रहा है। गर्मी के मौसम में बहुत ही कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। आगे ग्रामीणों ने कहा की हमलोग पक्की सड़क के लिए अनेको बार नेता मंत्री से लेकर जनप्रतिनिधि एवम् विभाग को अवगत कराए लेकिन कोई नही सुनता। नेता सिर्फ वोट लेने के लिए सिर्फ बड़े वादे करते है। इसके बाद सारा वादा भूलकर अपना काम पूरा करते है। अभी गांव में शादी विवाह का सिलसिला जारी है, इस गांव में शादी विवाह चार पहिया वाहन जाने के लिए काफी मुश्किल होता है, जिससे ग्रामीणों को आने जाने के लिए काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसी के लिए ग्रामीणों ने अपने निजी खर्च से कच्ची सड़क का मरम्मत कराएं।
Author: news24jharkhandbihar
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