स्ट्रेमैक्स फाउंडेशन की स्थापना कर रचनात्मक एवं प्रभावी शिक्षा पर दे रहे जोर
बड़कागांव संवाददाता कुलदीप कुमार
शिक्षक दिवस के अवसर पर बड़कागांव प्रखंड के सांढ निवासी बिपिन कुमार की शैक्षणिक यात्रा एक शिक्षक, लेखक और शिक्षा क्षेत्र से जुड़े व्यक्ति की भूमिका केवल कक्षा तक सीमित नहीं होती। रचनात्मक शिक्षा, पुस्तक लेखन, कौशल विकास, छात्रवृत्ति और विद्यार्थियों के मार्गदर्शन के माध्यम से वे शिक्षा को व्यापक सामाजिक बदलाव का माध्यम बनाने की दिशा में प्रयासरत हैं। शिक्षा को केवल डिग्री प्राप्त करने का माध्यम न मानकर उसे व्यक्तित्व विकास, रचनात्मकता, कौशल और रोजगार से जोड़ने की दिशा में वे लगातार कार्य कर रहे हैं। बिपिन कुमार ने स्ट्रेमैक्स फाउंडेशन की स्थापना कर शिक्षा के क्षेत्र में एक अलग पहल शुरू की है। संस्था के माध्यम से बच्चों, विद्यार्थियों और युवाओं को शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं, कौशल विकास तथा करियर संबंधी मार्गदर्शन उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
बच्चों से लेकर युवाओं तक शिक्षा और कौशल पर जोर।
स्ट्रेमैक्स फाउंडेशन के माध्यम से बिपिन कुमार बच्चों की बुनियादी एवं रचनात्मक शिक्षा के साथ-साथ युवाओं को रोजगारपरक कौशल उपलब्ध कराने पर भी विशेष ध्यान दे रहे हैं। संस्था द्वारा विभिन्न स्किल ट्रेनिंग, जॉब असिस्टेंट ट्रेनिंग, करियर मार्गदर्शन, क्विज प्रतियोगिता और शैक्षणिक कार्यक्रमों को बढ़ावा दिया जा रहा है। उनकी पहल का एक महत्वपूर्ण हिस्सा विद्यार्थियों में प्रतियोगी भावना के साथ-साथ ज्ञान के प्रति रुचि पैदा करना भी है। इसी उद्देश्य से विभिन्न विद्यालयों में शिक्षा सम्मान कार्यक्रमों का आयोजन कर प्रतिभाशाली विद्यार्थियों और शिक्षकों को सम्मानित करने की पहल की गई है।
छात्रवृत्ति परीक्षा के माध्यम से प्रतिभाओं को दे रहा है मंच
स्ट्रेमैक्स फाउंडेशन द्वारा छात्रवृत्ति परीक्षा आयोजित कर विद्यार्थियों को आगे बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इसके माध्यम से झारखंड के विभिन्न क्षेत्रों के विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षा के माध्यम से अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने और लाखों की छात्रवृत्ति प्राप्त करने का अवसर देने का प्रयास किया जा रहा है।बिपिन विगत कई वर्षों से गांव से लेकर शहर तक शिक्षा की अलख जगाने में सक्रिय हैं। उन्होंने अब तक सैकड़ों शिक्षण संस्थानों में विद्यार्थियों के बीच पहुंचकर उन्हें शिक्षा, करियर, प्रतियोगी परीक्षाओं और व्यक्तित्व विकास को लेकर मार्गदर्शन दिया है। ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और उचित मार्गदर्शन उपलब्ध कराने पर उनका विशेष जोर रहा है।
शिक्षा के साथ लेखन में बनायीं राष्ट्रीय पहचान।
नेट की परीक्षा पास करने के बाद शिक्षा के साथ लेखन के क्षेत्र में भी बिपिन कुमार ने अपनी एक अलग पहचान बनाई है। उन्होंने पॉलिटिकल साइंस स्कैनर नामक पांच पुस्तकों की श्रृंखला की रचना की है। राजनीति विज्ञान विषय को सरल, व्यवस्थित और परीक्षा उपयोगी तरीके से प्रस्तुत करने के उद्देश्य से तैयार की गई इन पुस्तकों का उपयोग विद्यार्थियों एवं प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले अभ्यर्थियों के बीच किया जाता है।यह पुस्तक फ्लिपकार्ट ,अमेजन एवं अन्य ऑनलाइन प्लेटफार्म में भी उपलब्ध है। बिपिन कुमार ने बनारस हिंदू विश्वविद्यालय से राजनीति विज्ञान में स्नातकोत्तर की शिक्षा प्राप्त की है।
Author: news24jharkhandbihar
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