त्रिपक्षीय वार्ता में कोई ठोस निर्णय नहीं होने पर युवा विस्थापित संघर्ष मोर्चा का अनिश्चित कालीन धरना 72 वें दिन जारी

बड़कागांव अनुज कुमार यादव 

बड़कागांव। युवा विस्थापित संघर्ष मोर्चा के बैनर तले बड़कागांव-हजारीबाग पथ के 13 माइल में त्रिपक्षीय वार्ता के आश्वाशन के बाद भी 72 वें दिन अनिश्चितकालीन धरना जारी है। 19 अगस्त को हजारीबाग उपायुक्त कार्यालय में जिला प्रशासन, एनटीपीसी के अधिकारी एवं आंदोलन कारी के बीच त्रिपक्षीय वार्ता की गई। त्रिपक्षीय वार्ता में जिला प्रशासन ने एनटीपीसी को कहा कि आंदोलनकारी का मांग कट ऑफ डेट में संशोधन सहित अन्य मांग जायज है। उनकी मांगों को आप जल्द से जल्द लागू करें। इस पर उपस्थित एनटीपीसी के अधिकारियों ने कहा कि यह परियोजना स्तर से लागू नहीं की जा सकती है। जब तक कि केंद्रीय कमेटी इसका निर्णय या संशोधन नहीं करेगी। जिला प्रशासन ने कहा कि 70 दिन से आंदोलनकारी आपको कट ऑफ डेट संशोधन को लेकर अवगत कराया गया तो आप हाथ पर हाथ रखकर अब तक क्या कर रहे थे। इसलिए अति शीघ्र अपने केंद्रीय टीम को पत्र लिखे जिसका कॉपी जिला प्रशासन एवं आंदोलन कारी को भी उपलब्ध कराया जाए। बैठक में जिला प्रशासन भी सरकार एवं एनटीपीसी के केंद्रीय कमेटी को आंदोलन कारी की मांग को पत्र लिखकर अवगत कराने का निर्णय लिया गया। वहीं आंदोलनकारी ने कहा कि जब तक पत्र की कॉपी हम लोग को उपलब्ध नहीं हो जाती है धरना निरंतर आगे जारी रहेगी।

क्या है कट ऑफ डेट

एनटीपीसी पकरी बरवाडीह कोयला खनन परियोजना के विस्थापितों को मई 2016 में जिनकी उम्र 18 वर्ष पुरी हो चुकी है उन्हीं को एकल परिवार कंपनी मानती है और विस्थापन का लाभ दे रही है। बाकी 17 मई 2016 के बाद जिनकी आयु 18 वर्ष पूरी हुई उन्हें कंपनी एकल विस्थापित परिवार ना मानती ना ही विस्थापन का लाभ दे रही है।

इसी कट ऑफ डेट में संशोधन को लेकर युवा विस्थापित संघर्ष मोर्चा के बैनर तले 10 जून 2025 से अनिश्चित कालीन धरना 13 माइल में शुरू की गई है। इस बीच कई नेता धरना को समर्थन देने पहुंचे बावजूद किसी प्रकार की कोई सुनवाई नहीं हुई। अंततः संघर्ष मोर्चा ने 18 अगस्त 2025 को एनटीपीसी पकरी बरवाडीह कोल माइंस का कोयला ढुलाई चक्का जाम का निर्णय लिया तथा सड़क पर सैकड़ो महिला पुरुष उतारकर कोयला ढुलाई कार्य को रोका गया। इसी बीच जिला प्रशासन की ओर से अनुमंडल पदाधिकारी बैजनाथ कामती ने आकर 19 अगस्त को जिला मुख्यालय में त्रिपक्षीय वार्ता करने की आश्वासन पर चक्का जाम आंदोलन स्थगित कर दिया गया था। लेकिन त्रिपक्षीय वार्ता में भी कोई ठोस निर्णय नहीं होने के बाद अनिश्चितकालीन धरना जारी है।

news24jharkhandbihar
Author: news24jharkhandbihar

सबसे तेज, सबसे आगे